fastag-india-implementation
Commercial vehicles NEWS Quick Read

NHAI ने वाहन चालकों के लिए जारी की चेतावनी, न खरीदें नकली फास्टैग

15 फरवरी से सभी वाहनों के लिए फास्टैग पूरी तरीके से लागू हो चुका है। वाहन चालकों को उम्मीद थी कि शायद इस बार भी उन्हें समयसीमा में छूट दी जाए। लेकिन केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने साफ कर दिया कि इस बार समयसीमा में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा।

RTO ऑफिस से सम्बंधित सभी जानकारी पाने के लिए क्लिक करें!

इसके साथ ही फास्टैग पूरी तरीके से लागू हो गया है और यदि आपके वाहन में फास्टैग नहीं है तो आपको दोगुणा टोल देना होगा। हालांकि NHAI की चुनौती यहीं नहीं खत्म हो जाती बल्कि अब उनके सामने एक नई चुनौती ने दस्तक दे दी है।

फास्टैग लागू होते ही आई, NHAI के सामने बड़ी चुनौती…

फास्टैग के लागू होते ही जालसाजों ने नकली फास्टैग बेचना शुरू कर दिया है, जिसके बाद देश के कई हिस्सों से इस तरह की खबरें सामने आ रही है, जहां फास्टैग होने के बावजूद उन्हें दोगुणा टोल देना पड़ रहा है।

दरअसल NHAI ने कहा कि जालसाज नकली फास्टैग बेच रहे हैं जो देखने में बिल्कुल NHAI या IHMCL द्वारा जारी फास्टैग जैसे लगते हैं।

इससे बचने के लिए NHAI ने वाहन चालकों को अधिकृत प्वाइंट ऑफ सेल, माई फास्टैग ऐप और IHMCL की बेवसाइट पर ही फास्टैग खरीदने की सलाह दी है।

आपको बता दें कि 23 अधिकृत बैंकों के अलावा देश भर में 30 हजार से ज्यादा पीओएस मौजूद है जहां से वाहन चालक 100 रुपये की कीमत पर फास्टैग खरीद सकते हैं।

NHAI ने 2019 में फास्टैग की शुरूआत की थी, वर्तमान में फास्टैग यूजर की बात करें तो जनवरी 2021 तक ये आंकड़ा 2.5 करोड़ पहुंच चुका है, और आने वाले समय में ये आकड़ां और भी तेजी से बढ़ेगा।

एक अनुमान के मुताबिक यदि सौ फीसदी फास्टैग सरकार द्वारा सफलतापूर्वक लागू कर लिया जाता है तो इससे सालाना करीब 12 हजार करोड़ की बचत की जा सकेगी।

अब अपने ई-चालान की सभी जानकारी पाएं एक क्लिक से!