commercial-vehicle-third-party-insurance
Commercial vehicles NEWS Commercial Vehicle Insurance Quick Read

इंश्योरेंस प्रीमियम में बड़ा बदलाव, ग्राहकों के लिए फायदेमंद होगा नया तरीका

ग्राहकों को पारदर्शी सेवा प्रदान करने के लिए और वाहन बीमा की प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए भारतीय बीमा विनियामक और विकास प्राधिकरण यानि आईआऱडीए ने एक कमेटी बनाई थी।

RTO ऑफिस से सम्बंधित सभी जानकारी पाने के लिए क्लिक करें!

कमेटी ने ग्राहकों की शिकायतों को ध्यान में रखते हुए कई सिफारिशें आईआऱडीए को दी है जिसके बाद वाहन की कीमत और बीमा प्रीमियम ग्राहकों से अलग-अलग वसूले जाएंगे। इसके अलावा वाहन बीमा खरीदने के तौर-तरीकों में भी बदलाव किए जाएंगे।

वर्तमान में वाहन की कीमत के साथ ही बीमा की रकम वसूली जाती है, जिससे ठीक से पता नहीं चलता है कि बीमा का प्रीमियम कितना लिया गया है और उस पैसे में कितने विकल्प मौजूद थे। लेकिन अब दोनों के अलग-अलग भुगतान से इसमें पारदर्शिता आएगी।

आपको बता दें कि भारतीय बीमा विनियामक और विकास प्राधिकरण ने 2017 में मोटर इंश्योरेंस सर्विस प्रोवाइडर यानी एमआईएसपी को लेकर गाइडलाइन जारी की थी, जिसके तहत वाहन बेचने वाली कंपनी अपने शोरुम में बीमा एजेंट रखते थे, जो बीमा संबंधी काम देखते थे।

लेकिन 2019 में बनी कमेटी ने इसके तरीकों को लेकर सुझाव दिए थे, जिसके बाद इसमें बदलाव करना जरूरी हो गया था। फिलहाल ग्राहकों की तरफ से वाहन बेचने वाली कंपनी बीमा कंपनी को प्रीमियम का भुगतान करती है। इसके अलावा अक्सर ग्राहकों को उसके बीमा के साथ मिलने वाले कवर या डिस्काउंट की भी पूरी जानकारी नहीं होती है।

लेकिन नई व्यवस्था के आ जाने से ग्राहक डायरेक्ट बीमा कंपनी को अपना भुगतान कर सकेंगे। इसके अलावा अपनी पसंद की बीमा भी चुन सकेंगे जिसका सीधा फायदा ग्राहकों को मिलेगा। इसके साथ ही कंपनी द्वारा ग्राहकों को बीमा कवर और लाभ के बारे में पूरी जानकारी देनी होगी।

अब अपने ई-चालान की सभी जानकारी पाएं एक क्लिक से!